एनआईए की टीम ने डॉक्टर शाहीन, मुजम्मिल के साथ 20 जगह कराई निशानदेही
फरीदाबाद, ( न्युज अड्डा ): दिल्ली धमाके के आरोपी डॉक्टर मुजम्मिल गनी, उमर और शाहीन सईद के साथ एक सेकेंड़ ईयर के छात्र ने भी विस्फोटक तैयार किया था। पुलवामा निवासी एक स्टूडेंट ने विस्फोटक का रिफाइन करने में आतंकियों की मदद की थी।सूत्रों के मुताबिक स्टूडेंट ने मुजम्मिल के साथ मिलकर आटा-चक्की से यूरिया को पीसकर निकाले गए अमोनियम नाइट्रेट छानने में सहयोग किया था। एनआईए की टीम आरोपी छात्र जसीर वानी को लेकर फरीदाबाद आई और कई ठिकानों की निशानदेही करवाई। आरोपी ने एनआईए को मुजम्मिल गनी का फ्लैट, खोरी जमालपुर में पूर्व सरपंच का मकान और धौज में जहां आटा चक्की छिपाई थी उस जगह की निशानदेही करवाई।
आरोपी जसीर वानी (20) जम्मू के पुलवामा स्थित एक गांव का रहने वाला था। इसी के गांव के पास में मुजम्मिल गनी का गांव है।
आरोपी ने पूछताछ में बताया है कि वह कई बार मुजम्मिल के फ्लैट पर आया था। यहां उन्होंने विस्फोटक तैयार किया था। वह डॉक्टर शाहीन सईद और मुजम्मिल से मिलने खोरी जमालपुर में भी जाता था। इसके साथ ही एनआईए की टीम डॉ मुज्जमिल व डॉ. शाहीन को लेकर अलफलाह यूनिवर्सिटी लेकर पहुंची थी। दोनों ने टीम को करीब 20 ऐसी जगह बताई जहां जहां उन्होंने धमाके की तैयारी की थी। यूनिवर्सिटी परिसर के अंदर ही लगभग 2 एकड़ के खेत में बने कमरे की जांच बम निरोधक दस्ता बुलाकर कराई गई। इस दौरान डॉ. शाहीन टीम के साथ अर्टिगा गाड़ी में बैठी रही। डॉ मुज्जमिल को साथ लेकर एनआईए की टीम अलग अलग जगहों की निशानदेही कराती रही। खेत में बने कमरे को टीम ने खोदकर भी देखा। यहां से कुछ नमूने लिए गए। टीम के साथ फोरेंसिक की टीम भी मौजूद थी।
